Shantidoot news उतर प्रदेश, चंदौली जनपद में पुलिस ने फर्जी व पेशेवर जमानतदारों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करने वाले नेटवर्क पर कड़ा शिकंजा कस दिया है। इसकी शिकायत मिलने पर पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे के निर्देशानुसार जनपद स्तर पर चलाए गए विशेष अभियान के दौरान पुलिस ने इस गिरोह का पर्दाफाश किया। जिसके तहत विभिन्न थाना क्षेत्रों से कुल 28 पेशेवर,फर्जी जमानतदारों को चिन्हित किया गया। और कारवाई करते हुए इसमें शामिल 16 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है। शेष 12 आरोपियों की तलाश जारी है। वादी संजय सिंह, प्रभारी निरीक्षक कोतवाली चंदौली द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर यह मामला उजागर हुआ कि जनपद के संगीन आपराधिक मामलों में निरुद्ध अभियुक्तों की जमानत कराने के नाम पर कुछ पेशेवर जमानतदार व दलाल अनुचित आर्थिक लाभ कमाने में लगे थे। यह गिरोह गौ-तस्करी, डकैती, लूट, हत्या, चोरी, नकबजनी, गैंगस्टर एक्ट, आबकारी एक्ट तथा अवैध शस्त्र आदि के मामलों में बंद अभियुक्तों से मिलीभगत कर कूट रचित अभिलेखों के माध्यम से जमानत कराता था। एक ही जमानतदार या एक ही संपत्ति के आधार पर बार-बार जमानत ली गई। है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि दलाल प्रति जमानत 2000 से 3000 रुपये तक लेकर पेशेवर जमानतदारों की व्यवस्था करते थे। कई मामलों में पेशेवर जमानतदारों के सभी कागजात और पहचान पत्र दलालों के पास ही रहते थे, जिनका वे जरूरत पड़ने पर बार-बार उपयोग करते थे। जमानतदारों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वे सिर्फ पैसों के लालच में जमानत लेते थे और जिन अभियुक्तों की जमानत ली, उनका पूरा नाम-पता तक नहीं जानते। बताया जा रहा है कि यह पूरा गिरोह आपराधिक मामलों में लगे अभियुक्तों को न्यायिक प्रक्रिया से अनुचित लाभ पहुंचाने और कानून की शुचिता को प्रभावित करने का काम कर रहा थ।